पी-6 कैप्सूल बवासीर के लिए | P-6 capsules for piles in hindi

P-6 Capsule की जानकारी

P 6 Capsule 100 % आयुर्वेदिक दवा है। जिसका उपयोग मुख्य रूप से सभी प्रकार के बवासीर के  इलाज के लिए किया जाता है। इसके अलावा, P 6 Capsule का उपयोग बवासीर से होने वाली समस्याओं के लिए भी किया जा सकता है। पी -6 कैप्सूल (P 6 Capsule) में रसंजाना, रीठा , नीम , त्रिफला, गुगल , मोच रसा , शंख प्रसमा, फितकारी आयुर्वेदिक औषधिया शामिल है। उनके बारे में विस्तृत जानकारी नीचे दी गई है।

पी-6 कैप्सूल (P-6 Capsule) के फायदे | P-6 Capsule benefits in Hindi

सभी प्रकार के बवासीर के इलाज के लिए (आंतरिक बवासीर,बाहरी बवासीर,बवासीर,खुजली बवासीर,दर्दनाक बवासीर)

गुदा और मलाशय के निचले हिस्से में सूजन के इलाज के लिए

बवासीर से जुड़ी पुरानी कब्ज को ठीक करती है।

मल को ढीला करके आसानी से बाहर निकलता है।

बवासीर के कारण रक्तस्राव (खून का आना ) और दर्द, खुजली से राहत देता है (read-खुनी बवासीर के लिए घरेलू नुस्खे )

एक रोगाणुरोधी के रूप में भी काम करता है

पी-6 कैप्सूल के उपयोग | P-6 Capsule uses in Hindi

इसका इस्तिमाल सभी तरह के बवासीर आंतरिक और बाहरी बवासीर के इलाज के लिए इस्तिमाल किया जाता है। खुनी बवासीर और वादी बवासीर में और दर्द, खुजली से राहत प्रदान करता है और बवासीर से जुड़ी पुरानी कब्ज को ठीक करता है। पी-6 कैप्सूल (P-6 Capsule) में एनाल्जेसिक गुण के कारण यह दर्द से राहत देता है। बवासीर से जुड़ी पुरानी कब्ज को ठीक करती है। P-6 Capsule एक रोगाणुरोधी होने के कारण शरीर को संक्रमण से दूर रखता है।

पी-6 कैप्सूल (P-6 Capsule) की खुराक | P-6 Capsule Dose in hindi

2 कैप्सूल दिन में तीन बार ठंडे दूध / पानी के साथ 4 से 6 सप्ताह तक लें।

पुरानी बवासीर के लिए इसका सेवन 6-12 सप्ताह तक करना चाहिए। या अपने डॉक्टर की सलाह पर लें।

पी-6 कैप्सूल के साइड इफेक्ट्स | P-6 Capsule side effects in Hindi


पी-6 कैप्सूल एक आयुर्वेदिक दवा है। आमतौर पर इसका उपयोग करने के लिए सुरक्षित होती हैं। अगर डॉक्टर के निर्देशित द्वारा लिया जाए तो आमतौर पर कोई दुष्प्रभाव नहीं बताया जाता है।

बवासीर में इन बातों का विशेष ध्यान रखें

इस बीमारी के दौरान, स्नान करते समय गर्म पानी का उपयोग करें और स्नान बैठ कर करें। और सूती कपड़े से बवासीर को साफ करें।

सूजन और दर्द को कम करने के लिए आइस पैक के साथ सिकाई करे।

बवासीर में, हमेशा सूती अंडरवियर पहनें। सूती अंडरवियर खून से नहीं चिपकते है।

दिन में कम से कम 7-8 गिलास पानी पीने से बवासीर से होने वाली तकलीफ में आराम मिलता है।